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गोबर से 10 लाख₹ बरामद : अयोध्या श्री राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी पर विवाद, ट्रस्ट के कर्मचारी के लवकुश मिश्रा के घर गोबर में मिले 10 लाख रूपये की बरामदगी

गोबर से 10 लाख₹ बरामद : अयोध्या श्री राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी पर विवाद, ट्रस्ट के कर्मचारी के लवकुश मिश्रा के घर गोबर में मिले 10 लाख रूपये की बरामदगी

“एक कर्मचारी ने लगभग डेढ़ करोड़ रुपये मूल्य की भूमि खरीदी, जबकि दूसरे ने करीब 40 लाख रुपये का प्लॉट लिया है!”

उत्तरप्रदेश : अयोध्या के श्री राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के आरोपों के बाद नया विवाद खड़ा हो गया है।

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने दावा किया था कि राम मंदिर में भक्तों ने जो दान चढ़ाया है उसका गबन हुआ है।

इन आरोपों के बाद और ट्रस्ट के कहने पर उत्तर प्रदेश सरकार ने तीन सदस्यीय विशेष जांच समिति (SIT) का गठन किया है।

इस पूरे घटनाक्रम के बाद हुई धर-पकड़ में मंदिर के दान पेटी से निकले कैश की गिनती से जुड़े एक कर्मचारी के घर पर गोबर में दबे 10 लाख रुपए कैश मिले हैं। इसके बाद मामला और भी ज्यादा गंभीर हो गया है।

हर दिन करोड़ों रुपए के दान को संभालने वाले श्री राम मंदिर में पैसे के गबन की खबरों के बीच पूरे देश में इसकी चर्चा हो रही है।

इन आरोपों की वजह से ट्रस्ट के ऊपर भी सवाल उठ रहे हैं। आइए जानते हैं अभी तक इस पूरे घटनाक्रम में क्या हुआ है…अयोध्या के श्रीराम मंदिर में दान में आए पैसे में गबन की खबरें सबसे पहले उस वक्त शुरू हुई जब 7 जून को समाजवादी पार्टी की सरकार में मंत्री रहे पवन पांडेय ने मंदिर से करोड़ों रुपए के गबन का आरोप लगाया।

इसके समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी सोशल मीडिया साइट पर इस मुद्दे को उठाया और कोर्ट से इस मामले पर स्वतः संज्ञान लेने का आग्रह किया।

उन्होंने लिखा, “भगवान राम के उपासकों के लिए एक बेहद संवेदनशील समाचार है राम मंदिर में आए चढ़ावे की करोड़ों की रकम गायब पाई गई है।

यह मंदिर के ट्रस्ट के लिए बेहद शर्मनाक स्थिति है।

न्यायालय से स्वतः संज्ञान लेने की माँग है क्योंकि इसका सीधा संबंध वैश्विक स्तर पर समस्त सनातनी समाज की प्रभु राम में गहरी आस्था से जुड़ा है।

बताया जा रहा है कि दोनों कर्मचारियों को हर माह लगभग 18 से 20 हजार रुपये वेतन मिलता था, लेकिन हाल के महीनों में उनकी संपत्तियों में असामान्य वृद्धि की चर्चा जांच एजेंसियों के रडार पर है।

अकूत संपत्ति देख उड़े जांच एजेंसियों के होश

सूत्रों के अनुसार जांच टीम में छह सदस्य शामिल थे, जिनमें दो पुलिसकर्मी वर्दी में तथा चार अन्य सिविल ड्रेस में थे।ग्रामीणों का कहना है कि तलाशी के दौरान नकदी घर की आलमारी और अन्य स्थानों से बरामद की गई. गांव में यह भी चर्चा है कि मंदिर में नौकरी मिलने के बाद लवकुश मिश्रा की आर्थिक स्थिति में तेजी से बदलाव आया था।

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